रीवा में नल-जल योजना की पाइपलाइन बनी परेशानी
रीवा में नल-जल योजना की पाइपलाइन की बदहाली एक बार फिर सामने आई है। टिकुरी (मनकहरी) गांव में बिछाई गई पाइपलाइन पिछले एक साल से फटी पड़ी है। रोड क्रॉसिंग नहीं होने के कारण पाइपलाइन क्षतिग्रस्त हुई, लेकिन अब तक न तो मरम्मत कराई गई और न ही समस्या का स्थायी समाधान हुआ।(रीवा में नल-जल योजना की पाइपलाइन बदहाली की शिकार)
सड़क पर बहता पानी, घरों में सूखा(रीवा में नल-जल योजना की पाइपलाइन बदहाली की शिकार)
फटी पाइपलाइन से रोजाना सैकड़ों लीटर पानी सड़क पर बह रहा है। एक तरफ पानी की भारी बर्बादी हो रही है, दूसरी तरफ गांव के घरों तक पीने का पानी नहीं पहुंच पा रहा है। सड़क पर लगातार जलभराव और कीचड़ के कारण आवागमन भी मुश्किल हो गया है। ग्रामीणों का कहना है कि जब आसपास के इलाकों में पानी की किल्लत है, तब यहां पानी सड़कों पर बहना चिंता का विषय है।
बार-बार शिकायत के बाद भी कार्रवाई नहीं
ग्रामीण विपिन तिवारी ने बताया कि इस समस्या को लेकर कई बार पंचायत और संबंधित अधिकारियों से शिकायत की गई। इसके बावजूद किसी अधिकारी ने मौके पर पहुंचकर स्थिति नहीं देखी और न ही मरम्मत का कार्य शुरू हुआ। ग्रामीणों में इस लापरवाही को लेकर नाराजगी बढ़ती जा रही है।

करोड़ों खर्च, फिर भी योजना बेअसर
ग्रामीणों का कहना है कि सरकार करोड़ों रुपए खर्च कर नल-जल योजना चला रही है, लेकिन स्थानीय स्तर पर लापरवाही के कारण योजना का लाभ नहीं मिल पा रहा है। रीवा में नल-जल योजना की पाइपलाइन की खराब स्थिति ने पूरे सिस्टम पर सवाल खड़े कर दिए हैं।
PHE विभाग ने दिया आश्वासन
लोक स्वास्थ्य यांत्रिकी विभाग के अधिकारियों ने बताया कि टिकुरी (मनकहरी) गांव में पाइपलाइन क्षतिग्रस्त होने की जानकारी मिली है। रोड क्रॉसिंग नहीं होने से पाइप फटने की पुष्टि हुई है। संबंधित ठेकेदार और विभागीय टीम को मौके पर भेजकर जल्द मरम्मत कराने के निर्देश दिए गए हैं। लापरवाही सामने आने पर ठेकेदार के खिलाफ कार्रवाई की बात भी कही गई है।
निष्कर्ष
रीवा में नल-जल योजना की पाइपलाइन की यह स्थिति सरकारी योजनाओं के जमीनी क्रियान्वयन पर सवाल खड़े करती है। समय रहते मरम्मत नहीं हुई तो पानी की बर्बादी के साथ-साथ ग्रामीणों की परेशानी और बढ़ सकती है।
